पूर्व मेयर हत्याकांड में श्यामनंदन मिश्र गिरफ्तार, पैसे को लेकर था मनमुटाव

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मुजफ्फरपुर : पूर्व मेयर समीर कुमार हत्याकांड में आरोपित बनाए गए सकरा थाना क्षेत्र के सबहा गांव निवासी श्यामनंदन मिश्रा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह गिरफ्तारी मंगलवार की सुबह उसके घर से हुई है। इसकी पुष्टि उसके अधिवक्ता शरद सिन्हा ने की है। अधिवक्ता ने बताया कि श्यामनंदन मिश्रा के छोटे भाई सतीश ने फोन कर यह जानकारी उन्हें दी। सतीश मिश्रा ने यह भी बताया कि पुलिस पूछताछ की बात कहकर उसे अपने साथ ले गई है। बाद में उसे गिरफ्तार किए जाने की बात कही जा रही है। इससे पहले सोमवार को पुलिस ने श्यामनंदन समेत तीन आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए वारंट जारी करने के लिए सीजेएम कोर्ट में अर्जी दाखिल की थी। इस अर्जी पर कोर्ट का आदेश आना बाकी है।
बता दें कि चार दिन पहले ही जमीन के सौदे में करोड़ रुपये की ठगी को लेकर गिरफ्तार काजी मोहम्मदपुर थाना क्षेत्र के पड़ाव पोखर मोहल्ला निवासी सुशील छापड़िया ने पुलिस के सामने यह स्वीकारा किया था। इस मामले में मनियारी थाने के सिलौत गजपति निवासी गोविंद, सकरा थाने के तुलसी मोहनपुर निवासी सुजीत और इसी थाने के सबहा गांव निवासी श्यामनंदन मिश्रा को आरोपित किया था।
सुशील छापड़िया ने पुलिस को बताया था कि कल्याणी की जमीन के सौदे में समीर कुमार और आशुतोष शाही के पार्टनर बने श्यामनंदन मिश्रा को मकान मालकिन को देने के लिए दो करोड़ रुपये दिए गए थे। आरोप है कि श्यामनंदन मिश्रा ने उसमें से मात्र एक करोड़ 65 लाख रुपये ही मकान मालकिन को दिए। इस कारण यह सौदा रद हो गया। इसको लेकर समीर कुमार और श्यामनंदन मिश्रा में मनमुटाव हो गया। इसी साल फरवरी में पूर्व मेयर समीर कुमार ने श्यामनंदन को अपने घर लाकर पिटाई कर दी थी। बाद में उसे मुशहरी थाना पुलिस ने आ‌र्म्स और शराब के साथ पकड़ा था। घटना के बाद ही वह समीर कुमार से बदला लेने की साजिश रचने लगा था। उसने ही शूटर गोविंद और सुजीत से संपर्क किया था। अपने बयान में उसने स्वीकार किया कि कई बैठकों के बाद गोविंद और सुजीत ने समीर हत्याकांड को अंजाम दिया।
बता दें कि बीते 23 सितंबर की शाम नगर थाना क्षेत्र के चंदवारा मुख्य सड़क पर कार से जा रहे पूर्व मेयर समीर कुमार को स्वचालित हथियारों से गोलियां बरसा कर भून दिया गया था। इस हमले में कार चला रहे उनके चालक रोहित कुमार की भी मौत हो गई थी। इस घटना को लेकर पुलिस पर अच्छा-खासा दबाव था।